म्यांमार भारत(नागालैंड)सीमा पर 'सूर्यज'भूकंप :4 -5 -2019 को दिन में 4.33 PM भूकंप ,तीव्रता 5.4

            भारत में नागालैंड,असम,अरुणाचल आदि में झटके महसूस किए गए !

    क्या है इस भूकम्प का फल -
    इस भूकंप का निर्माण सूर्य की किरणों के द्वारा हुआ है  इसलिए 'सूर्यज' भूकंप होने के कारण भूकंपीय क्षेत्र के वातावरण में सीमा से अधिक गरमी बढ़नी स्वाभाविक है !
    इस भूकंप के आस पास रहने वाले म्यांमार भारत के आस पास के क्षेत्रों में तनाव बढ़ सकता है आतंकी गतिविधियाँ बढ़ सकती हैं !
     यहाँ लोगों को सूखीखाँसी, साँस लेने की समस्याएँ बढ़ेंगी !गर्मी की अधिकता से होने वाले और रोग भी अधिक बढ़ेंगे !
     इसी 'सूर्यज' भूकंप के प्रभाव से प्रभावित क्षेत्र के लोगों के मनों में तनाव बढ़ता चला जाएगा आत्मबल घटेगा ! इसीकारण समाज में उन्माद  भावना पनपेगी !जगह जगह असंतोष उन्माद जैसी दुर्घटनाएँ देखने को मिलने लगेंगी ! भारत की इस सीमा पर विशेष सतर्कता बरती जानी चाहिए !आतंकवादी घटनाओं को रोकने के लिए खुपिया एजेंसियों को सतर्क कर दिया जाना चाहिए !स्थानीय लोग भी इस समय विशेष उत्तेजित हो जाएँगे !ये समय भूकंप से प्रभावित लोगों के चिंतन को अत्यंत उग्र अर्थात दूषित कर देगा !जिससे इस क्षेत्र में लोगों के आपसी सम्बन्ध दिनोंदिन तनाव पूर्ण होते चले जाएँगे !लोग एक दूसरे के साथ मरने मारने पर उतारू हो जाएंगे पत्थरबाजी आदि की घटनाएँ बढ़ती चली जाएँगी ! निकट भविष्य में इस क्षेत्र में विशेष अशांति बढ़ना संभव है !लोगों के आपसी सम्बन्धों में कटुता बढ़ती चली जाएगी !लोगों के आपसी संबंध अविश्वसनीय होते चले जाएंगे !इस क्षेत्र में घुस पैठ कर  चुके आतंकी लोग स्थानीय लोगों के साथ मिलकर सैनिकों के विरुद्ध कभी भी किसी बड़ी अप्रिय वारदात को आतंकी लोग अंजाम दे सकते हैं !
    इस भूकंप  का  प्रभाव 15 -6-2019 तक विशेष अधिक रहेगा !
 

1 comment:

  1. भारत-म्यांमार की सेना का बॉर्डर पर बड़ा एक्शन, उग्रवादियों के ठिकाने किए तबाह
    aajtak.in [Edited By: वरुण शैलेश]नई दिल्ली, 16 जून 2019, अपडेटेड 12:02
    एक रिपोर्ट के मुताबिक सेना ने उग्रवादियों के खिलाफ इस मुहिम को 'ऑपरेशन सनशाइन-2' नाम दिया है. भारतीय सीमा के अंदर इस ऑपरेशन में इंडियन आर्मी के दो बटालियन के अलावा विशेष सुरक्षा बल, असम राइफल्स के जवान इस सशस्त्र कार्रवाई में शामिल थे. यह सैन्य कार्रवाई मई 16 से आठ जून के बीच हुई। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई उत्तर पूर्व में उग्रवादियों के लिए बड़ा झटका है।see more...https://aajtak.intoday.in/story/india-and-myanmar-forces-coordinate-to-destroy-north-east-insurgent-camps-across-border-1-1093291.html

    ReplyDelete